Attitude Shayari In Hindi शायरी


Attitude Shayari In Hindi


तसल्ली से पढ़े होते तो समझ में आते हम,
ज़रूर कुछ पन्ने बिना पढ़े ही पलट दिए होंगे।


Attitude Shayariइश्क की हमारे

इश्क की हमारे बस इतनी सी कहानी है,
तुम बिछड गए हम बिख़र गए,
तुम मिले नहीं और...
हम किसी और के हुए नही।

Attitude Shayari In Hindi 2020 बेस्ट ऐटिट्यूड शायरी


 तेरे दिल के बाजार में मै रोज़ बिकता हु।  कुछ लफ्ज़ तेरी यादों के हर रोज़ लिखता हु। 


मेरे साथ जब मैं कभी दर्द

मेरे साथ जब मैं खुद खड़ा होता हूँ,
तब मैं क़यामत के हर तूफ़ान से बड़ा होता हूँ।

औरो से छिपकर कल मैं भी ज़रा शरमाया था , ख्याल उसका जब कल मेरे सपनों में आया था।”




ख्वाबो में मेरे आप रोज आते हो,
कभी दर्द, कभी खुशियाँ दे जाते हो,

शायद कोई तो कर रहा है मेरी कमी पूरी
तब ही तो मेरी याद तुम्हे अब नहीं आती


Attitude ki Shayari In Hindi 2020 बेस्ट ऐटिट्यूड शायरी .
तुम्हारे हँसने के अंदाज़ से पता चल रहा है कि बहुत कुछ टूटा है तेरे अंदर बहुत ख़ामोशी से 


कितना प्यार करते हो आप मुझ से,
सिर्फ मेरे इस सवाल का जवाब टाल जाते हो.

सुनो.. जब तुम हंसती हो ना,
तब और भी Pyaari लगती हो…



कितना प्यार करते मोहब्बत ऐसे भी होती है…

चुपचाप गुजार देंगे तेरे बिना भी ये जिंदगी
लोगों को सिखा देंगे मोहब्बत ऐसे भी होती है…



इस जिंदगी में कभी कुछ खत्म नही हो सकता, आपकी शुरुआत करना ही सबसे बेहतर है।



फासला जरा सा था वो मिटा न सके और
हमारी मोहब्बत बेहिसाब थी हम बता न सके।



बहुत नुक्स निकालते हैं वो इस कदर हम में
जैसे उन्हे खुदा चाहिए था और हम तो इंसान निकल।



तेरे नाम को ही मोहब्बत कहते हैं

तुम जलते रहोगे आग की तरह, और हम खिलते रहेंगे गुलाब की तरह।

भाई बोलने का हक मैंने सिर्फ दोस्तों को दिया है वरना आज भी दुश्मन मुझे बाप के नाम से जानते हैं

पता नहीं लोग मोहब्बत को क्या नाम देते हैं…
हम तो तेरे नाम को ही मोहब्बत कहते हैं


मोहब्बत में झुकना कोई अजीब बात नहीं, चमकता सूरज भी ढल जाता है चाँद के लिए!!

अगर हम सुधर गए तो उनका क्या होगा जिनको हमारे पागलपन से प्यार हे!!


दर्द दिल किसी किसी को होता है


दर्द तो  बिछड़ने का सब को होता है ।
मगर  दर्द दिल किसी किसी को होता है


तारीफ़ तो करनी पड़ेगी तेरे ईमान की 
तुमने सारी बेईमानियां कर दीं बड़ी ईमानदारी के साथ,




कहने लगी है तन्हाई मुझसे ..
मुझसे मोहब्बत  कर लो ..
मैं बेवफा नहीं ..


हम उस लम्हा__भी इंतज़ार करेंगे तेरा.
जब कोई  उम्मीद ही नहीं होगी तेरे आने की.

तुम्हारी खुशबू को 
तुम कहीं और


निकाल ही दिया उसने हमें
अपनी ज़िन्दगी से भीगे कागज़ की तरह,
ना लिखने के काबिल छोड़ा हमें ना जलने के
मेरी रूह तरसती है तुम्हारी खुशबू को 
तुम कहीं और

महको तो बुरा लगता है
चलने लगी है हवाये
सागर भी लहराये


पल पल दिल मेरा  बहके
पल पल तुम याद आये


हंसी मे भी दर्द छुपा होता है..


कुछ लोग अपनी आंखो से दर्द  बहा देते हैं..
और कुछ लोग की  हंसी मे भी दर्द छुपा होता है..




हम भी मुंह में ज़बान रखते है ..
कुछ समझ कर बुरा भला कहिए


गैरों के सामने बुला के मुझे ..
कहते है दिल का  मुद्दआ कहिए



मोहब्बत में कुछ   मिले या ना मिले..
बस   टाइपिंग..फ़ास्ट हो जाती हैं


सुकून ऐ  दिल के लिए
 कभी हाल तो पूछ ही लिया करो
  लूम तो हमें भी हैकि
    हम आपके कुछ नहीं लगते



तेरे पनाह की तलब
यूँ  ही बेसबब तो नही


तेरे दामन से बेहतर
कहीं कोई ज़मीं
नही मिलती 


सब्र करने पे आऊ तो मुड़ के भी ना देखूं..!
तुमने अभी देखा  ही नहीं मेरा पत्थर होना..!!


तुम्हे खास करते हुए खुद को प्यार आता नहीं ..

तुम्हे खास करते हुए खुद को आम  कर लिया मैंनें
कुछ इस तरह मोहब्बत में काम तमाम कर लिया मैंनें


तुझे  पा कर  खत्म हो  गई सरहदें  प्यार की ...
इसलिए अब शायद किसी और पे  प्यार आता नहीं ...


उम्र कटी मधुशाला में
मगर कभी पी  नही....
बहुत लिखी "मोहब्बत"
मगर कभी  की नही...



. दहलीज़-ए इश्क़  पे खड़े हैं, अब सितम हो जाने दो
इश्क़ तो एक क़यामत है, हमें हद से गुजर जाने दो.


ख़्यालों कोहरा, यादों की धुंध
 चाय की चुस्की और थोड़े-थोड़े तुम


ख़्वाहिश नहीं के टूट कर चाहो तुम मुझे,
ख़्वाहिश बस इतनी है  के कभी टूटने ना देना मुझे,
लव यू  ज़िन्दगी


इश्क़ कभी भी तुम हसरत ए ज़िन्दगी

इश्क़ कभी भी पुराना नहीं होता,
इश्क़ जैसा कोई ख़ज़ाना नहीं होता,
इश्क़ रखता है जवाँ दिलों   को हमेशा
इश्क़ में उम्र जैसा पैमाना नहीं होता,



तुझसे नाराज़ होना होता तो कब  के हो जाते,
तुम हसरत ए ज़िन्दगी हो कोई मतलब ए ज़िन्दगी नहीं,



नाराज़ रहते हो  यूँ ही वक़्त गुज़र जाएगा,
दूर होने के बाद कोई बहुत याद आएगा,
बाँट लो ये पल जब तक हम साथ हैं
कल का क्या पता वक़्त कहाँ ले जाएगा,



आता है मुझे गिरकर संभलने का हुनर,
मैं हर हाल में ख़ुश   हूँ मेरी फ़िक्र ना करें,
है मेरा हर ग़ुनाह ये भी मंज़ूर है मुझे
कोई इल्ज़ाम नहीं आप पर फ़िक्र ना करें,


मेरी आवाज़ भी बेवफ़ा   लफ्ज़ भी गुमशुदा हो गए
मुझसे रुठा है सारा जहां आप जबसे खफ़ा हो गए


कहाँ से लाऊँ वो लफ्ज़ जो सिर्फ तुझे सुनाई दे,,,,
दनियाँ देखे अपने चाँद   को मुझे बस तू ही दिखाई दे....



अपने चाँद   को मुझे बस तू ही दिखाई दे....

ख़ुदा दे तुझे मुझसे भी बेहतर
फिऱ   भी  तू मेरे लिए तरसे.


जो फ़ना हो जाऊं तेरी चाहत में तो ग़रूर ना करना . ये असर नहीं तेरे इश्क़ का ,  मेरी दीवानगी का हुनर


तेरे पनाह की तलब
यूँ ही बेसबब तो नही


तेरे दामन से बेहतर
कहीं कोई ज़मीं
नही मिलती 


नज़रअंदाज़ करते हो ..
लो हट जाते है  नज़रो से..



शायद किसी और पे प्यार

इन्हीं नज़रो से ढूँढोगे ..
नज़र जब हम  ना आएँगे.


तुझे  पा कर  खत्म हो  गई सरहदें  प्यार की ...
इसलिए अब शायद किसी और पे प्यार  आता नहीं .



चीरागो  से मत पूछो, बाकि तेल कितना है... सांसो से मत पूछो, बाकि खेल  कितना है... पूछो उस कफन में लिपटे मुर्दे से, जिंदगी में गम , और कफ़न में चैन कितना है.